Saturday, 28 March 2020

Feeling Alone

जिंदगी एक तीन पेज की पुस्तक की तरह है... पहला और अंतिम पेज अदृश्य शक्ति ने लिख दिया है...
पहला पेज जन्म 
अंतिम पेज मृत्यु
बीच के पेज को हमें भरना है प्यार, विश्वास और मुस्कराहट के द्वारा... !!

Tuesday, 10 March 2020

Holi 2020

कुछ रंग मधुर परिहास भरे,
कुछ रंग नवल-रस-राग भरे,
कुछ रंग बसंती फाग भरे,
कुछ नव चेतन उल्लास भरे।
       कुछ गीत रीत मनमीत मधुर,
       मानस के पुष्प सरस अंकुर,
       सौंदर्य प्रसारित नैसर्गिक,
       हो होली सबकी आश मधुर।
 रंगोत्सव की हार्दिक बधाई व शुभकामनाएं... !!

Sunday, 5 January 2020

Anand...

आंतरिक सुख कहीं खोज पाने की वस्तु नहीं है, आप किसी से प्रेम करके, किसी के उपकार करके आप स्वतः ही आंतरिक सुख प्राप्त कर सकते हैं... !!

Prem...

प्यार करने वाला व्यक्ति ही केवल धार्मिक हो सकता है और कोई व्यक्ति धार्मिक नहीं हो सकता... !!

Wednesday, 1 January 2020

HNY 2020

हमारी दिनचर्या, हमारे सोच का निर्माण करती है, हमारी सोच, हमारे व्यवहार का निर्माण करती है । हमारे व्यवहार, हमारे कार्य की प्राथमिकता का निर्माण करते है । हमारे कार्य हमारी पहचान का निर्माण करते है । आइये इस नव वर्ष हम दूसरों की ख़ुशी अपने अच्छे कार्य के द्वारा सुनिश्चित करने का संकल्प लेवे ।
नववर्ष की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाए ।

Sunday, 1 December 2019

Rajesh Pandey

"Taharrush"

तहर्रुश...। अरब में गैंगरेप को तहर्रूश कहते हैं। अरब में 'तहर्रुश' का खेल अक़्सर खेला जाता है। इसमें यदि कहीं कोई लड़की अकेली भीड़ में फंस जाए तो सबसे पहले उसको घेर लिया जाता है। उसके बाद सामूहिक बलात्कार किया जाता है। भीड़ उस लड़की को चारों ओर से घेरती है ताकि कोई उसे बचाने न आ सके। फिर बारी-बारी से सभी भेड़िये उस लड़की का बलात्कार करते हैं। 'तहर्रुश' अरबी शब्द है जिसका मतलब होता है ‘सामूहिक छेड़छाड़’। इस खेल में युवा सार्वजनिक स्थान पर अकेली लड़की को निशाना बनाते हैं, लड़की विधर्मी या काफिर हो, फिर तो कहने ही क्या...। झुंड में यह लड़के सबसे पहले लड़की के साथ शारीरिक छेड़छाड़ करते हैं फिर अंत में उसका बलात्कार करते हैं।

2011 में मिस्र में पहली बार यह घिनौना खेल तब चर्चा में आया था जब साउथ अफ़्रीका की रिपोर्टर लारा लोगन काहिरा के तहरीर स्क्वायर से रिपोर्टिंग कर रही थीं। तभी लड़कों के झुंड ने उन्हें घेर लिया। उनसे छेड़छाड़ की। लारा ने इस घटना के कई माह बाद बताते हुए कहा था “अचानक इसके पहले कि मुझे कुछ समझ में आए कुछ लोगों ने मुझे घेर लिया और मेरे शरीर पर जगह जगह छूने लगे, वो एक-दो नही बहुत सारे थे, यह ऐसा सिलसिला था जो लगातार चल रहा था।" मध्य पूर्व के अरब शरणार्थियों के यूरोप में बसने के बाद ये अमानवीय खेल अब यूरोप में भी जड़े जमाने लगा है, कुछेक वर्ष पूर्व नये साल पर जर्मनी में कई जगह ऐसी घटनाओं के होनी की ख़बर मिली थी, अपराधी सारे के सारे अरबी शरणार्थी थे, फ्रांस, स्वीडन, फिनलैंड में भी तहर्रुश अब आम बात हो गई है। कल डॉ. प्रियंका रेड्डी के साथ जो घटा है वह बता रहा है कि अब भारत भी तहर्रुश का शिकार बनने की कगार पर खड़ा है... !!